Close Menu
Roaming ExpressRoaming Express
    Latest News

    हर गांव होगा डिजिटल, बनेगी क्रिकेट टीम; युवाओं के दम पर बदलेगी बस्ती की तस्वीर : मनीष मिश्रा

    June 19, 2026

    Basti news:करंट ने छीनी जिंदगी, चार माह के मासूम के सिर से उठा पिता का साया

    June 13, 2026

    Basti news:जनप्रतिनिधियों की अनदेखी करने वाले अधिकारियों पर होगी कार्रवाई : सूर्य प्रताप शाही

    June 13, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Monday, June 22
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Roaming ExpressRoaming Express
    • होम
    • बस्ती
    • उत्तर प्रदेश
    • राष्ट्रीय
    • अंतर्राष्ट्रीय
    • राजनीति
    • बिज़नेस
    • क्राइम
    • खेल
    • मनोरंजन
    • जॉब-करियर
    • धर्म एवं आस्था
    • संपादकीय
    Roaming ExpressRoaming Express
    • होम
    • बस्ती
    • उत्तर प्रदेश
    • राष्ट्रीय
    • अंतर्राष्ट्रीय
    • राजनीति
    • बिज़नेस
    • क्राइम
    • खेल
    • मनोरंजन
    • जॉब-करियर
    • धर्म एवं आस्था
    • संपादकीय
    Home » अमेरिकी अंतरराष्ट्रीय धार्मिक आयोग की रिपोर्ट भारत विरोधी

    अमेरिकी अंतरराष्ट्रीय धार्मिक आयोग की रिपोर्ट भारत विरोधी

    मुहतोड़ जवाब देंगे भारत के संत: स्वामी जितेन्द्रानंद सरस्वती
    Roaming ExpressBy Roaming ExpressNovember 19, 2025 राष्ट्रीय

     

    आचार्य संजय तिवारी

    काशी/ लखनऊ/ दिल्ली
    अमेरिकी अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता आयोग की हालिया रिपोर्ट पर अखिल भारतीय संत समिति ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
    अखिल भारतीय संत समिति के राष्ट्रीय महामंत्री, स्वामी जीतेंदानन्द सरस्वती ने अमेरिकी अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता आयोग (USCIRF) द्वारा जारी एक कुत्सित एवं पूर्वाग्रहग्रस्त रिपोर्ट की कड़े शब्दों में निंदा की है। यह रिपोर्ट भारत की समावेशी सांस्कृतिक विरासत, उसकी संप्रभुता और सभी भारतीयों के लिए सुनिश्चित संवैधानिक गारंटी का घोर अपमान है। 22 जनवरी 2024 को श्रीराम जन्मभूमि पर बने प्रभु श्रीराम के मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद से सांप्रदायिक वैमनस्य फैलाकर भारत में अस्थिरता फैलाने के प्रयास शुरू हो गए। इसी कड़ी में यह दुर्भावनापूर्ण तरीके से यह रिपोर्ट जारी की गई है। उन्होंने कहा कि अमेरिका की संस्था USCIRF द्वारा भारत को लेकर जो रिपोर्ट जारी की गई है, वह साफ दिखाती है कि कुछ विदेशी संस्थान अब खुलकर भारत के विरुद्ध खड़े होने लगे हैं। कभी उनके वित्त विभाग के सलाहकार भारत में ब्राह्मणों के वर्चस्व की थ्योरी फैलाते हैं, तो कभी उनकी एजेंसियां अल्पसंख्यकों पर तथाकथित अत्याचारों की मनगढ़ंत कहानियों की फाइलें जारी कर देती हैं। यह सब किसी एक ही खेल का हिस्सा लगता है, ऐसा खेल जिसकी पटकथा भारत को कमज़ोर दिखाने की नीयत से लिखी गई है।

    जहां तक यह सवाल है कि भारत में अल्पसंख्यकों के साथ कैसा व्यवहार होता है, अमेरिका और उसकी एजेंसियों को पहले अपने ही इतिहास पर नज़र डाल लेनी चाहिए। कभी उन्होंने यह नहीं बताया कि बांग्लादेश में सोलह प्रतिशत हिंदू कैसे घटकर साढ़े सात प्रतिशत रह गए। कभी यह नहीं पूछा कि पाकिस्तान में आठ प्रतिशत हिंदू एक प्रतिशत से भी कम कैसे बचे। अफगानिस्तान में जो हिंदू थे, आज एक अकेला व्यक्ति बचा है। इस पर कोई रिपोर्ट नहीं, कोई बयान नहीं। फिजी में कर्नल राबुका के तख्तापलट के बाद हिंदुओं पर जो अत्याचार हुए, उसका कहीं नामोनिशान नहीं। और फिर विश्व में जहां जहां इस्लाम या ईसाई धर्म फैला, वह किन लोगों की कीमत पर फैला, उस खूनखराबे पर कभी कोई रिपोर्ट नहीं।

    दुनिया के इतने देशों में हिंदुओं पर भारी अत्याचार हुए, लेकिन पश्चिमी संस्थानों ने कभी उसकी जांच तक नहीं की। ऐसे में केवल भारत पर नजरें तरेर कर बैठ जाना, यह दुर्भावना का सीधा संकेत है। सच कहा जाए तो यह रोमन, कैथोलिक और ईसाई ताकतों की ओर से सनातन हिंदू धर्म और भारतीयता के विरुद्ध एक छद्म युद्ध ही है, जिसका आवरण अब हट चुका है। और इस युद्ध का उत्तर देने के लिए हम पूरी तरह तैयार हैं।

    USICRF की रिपोर्ट को लेकर जो शोर मचाने की कोशिश की गई, उसकी जड़ें और गहरी हैं। इस रिपोर्ट की प्रेरणा CIA की चालों में दिखाई देती है। इसके साथ पाकिस्तानी ISI और बांग्लादेशी हुजी जैसी एजेंसियों की भी गंध आती है। यह संस्था उन्हीं के इशारे पर नाच रही है। रिपोर्ट ने भारत में प्राण प्रतिष्ठा के बाद हिंसा का झूठा आरोप लगाया, जबकि यही तथ्य छुपा लिया कि भारत में अल्पसंख्यक संविधान के तहत बहुसंख्यकों से भी अधिक अधिकार पाते हैं। दुनिया के हर देश का अल्पसंख्यक बहुसंख्यक के बराबर अधिकार मांगता है, लेकिन भारत में बहुसंख्यक हिंदू तक यह मांग करते रहते हैं कि उन्हें भी वे अधिकार मिलें जो अल्पसंख्यकों को मिले हुए हैं। यह स्थिति दुनिया में अद्वितीय है, इससे अधिक सुरक्षा किसी देश में नहीं मिल सकती।

    USICRF को शायद यह भी मालूम नहीं कि श्रीराम जन्मभूमि पर मंदिर किसी सरकार की दया से नहीं बना। पांच सौ वर्षों के संघर्ष और सर्वोच्च न्यायालय के सर्वसम्मत फैसले के आधार पर बना है। बाबरी मस्जिद एक्शन कमेटी के मुद्दई हाशिम अंसारी के बेटे तक ने पांच अगस्त 2020 को प्रधानमंत्री को रामायण भेंट की थी। यह बात साफ कह देती है कि भारत के मुसलमानों ने निर्णय को स्वीकार किया था। यह देश की परंपराओं और सामंजस्य की मिसाल है।

    जब देश के भीतर तथाकथित अत्याचार के नाम पर आग नहीं लग सकी, तब अब विदेशी एजेंसियों को आगे करके भारत में अस्थिरता फैलाने की कोशिश हो रही है। यह प्रयास कभी सफल नहीं होगा। दिल्ली में जब संत समाज और देशभर की संस्थाएं मिलकर चर्चा करेगी, तब सारे पहलुओं पर विचार होगा। और सही समय पर उचित निर्णय भी लिया जाएगा।

    अमेरिका की एजेंसियों को यह समझना होगा कि भारत की एकता और अखंडता पर सवाल उठाने का अधिकार किसी बाहरी संस्था को नहीं है। वे ऐसी बातें अपने देश में रखें, यहां की सामाजिक संरचना को बिना समझे इस तरह की रिपोर्टें जारी करने से काम नहीं चलेगा। अगर वे इसी राह पर चलते रहे, तो हमें भी अपने संबंधों पर फिर से विचार करना ही पड़ेगा।

    अखिल भारतीय संत समिति अमेरिकी एजेंसियों को स्पष्ट चेतावनी देती है कि वह भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने और राष्ट्र की एकता एवं अखंडता पर प्रश्नचिह्न लगाने का अपना यह दुस्साहसपूर्ण आचरण तत्काल बंद करे। अन्यथा, हमें भी अमेरिका और उसकी एजेंसियों के संबंध में पुनर्विचार करने और उचित प्रतिक्रिया देने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। आगामी 9 व 10 दिसम्बर 2025 को होने वाली शीर्ष संतों के राष्ट्रीय बैठक में हम इन सभी मुद्दों पर विस्तृत चर्चा करके अपनी भावी रणनीति तय करेंगे। हम सही समय आने पर ठोस निर्णय भी लेंगे और उसे क्रियान्वित भी करेंगे।

    भारत एक शांतिप्रिय देश है, लेकिन राष्ट्रहित के विषय पर वह कभी पीछे नहीं हटेगा।

    Post Views: 133

    Related Posts

    टेक्नोलॉजी और न्यायिक शिक्षा सम्मेलन में ई-फाइलिंग और न्यायिक प्रक्रिया सुधारों पर हुई चर्चा

    May 1, 2026By Roaming Express

    पहली मई को बुद्ध पूर्णिमा , घर घर में उत्सव का होगा आनंद

    April 28, 2026By Roaming Express

    सिक्किम में पीएम मोदी ने देखा प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक विरासत और विकास की रफ्तार

    April 28, 2026By Roaming Express

    राघव चड्ढा का आप से इस्तीफा, बोले- दो तिहाई सांसदों के साथ BJP में करेंगे विलय

    April 24, 2026By Roaming Express

    बिहार में सम्राट सिंह चौधरी मुख्यमंत्री , बिजेंद्र प्रसाद यादव और विजय कुमार चौधरी उपमुख्यमंत्री को राज्यपाल ने दिलाई शपथ

    April 15, 2026By Roaming Express

    हिंदी सिनेमा की दिग्गज सिंगर आशा भोसले का 93 वर्ष की उम्र में मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में निधन

    April 12, 2026By Roaming Express
    Top Posts

    यूपी: प्रदेश में मौसम ने ली करवट, 11 सितंबर तक धूप और उमस करेगी परेशान, कई नदियां बाढ़ से उफान पर

    September 7, 2025

    यूपी: प्रदेश में मौसम ने ली करवट, 11 सितंबर तक धूप और उमस करेगी परेशान, कई नदियां बाढ़ से उफान पर

    September 7, 2025

    यूपी: प्रदेश में मौसम ने ली करवट, 11 सितंबर तक धूप और उमस करेगी परेशान, कई नदियां बाढ़ से उफान पर

    September 7, 2025
    Don't Miss

    हर गांव होगा डिजिटल, बनेगी क्रिकेट टीम; युवाओं के दम पर बदलेगी बस्ती की तस्वीर : मनीष मिश्रा

    June 19, 2026

    बेस से स्पेस” अभियान के जरिए बस्ती  अग्रणी जिले के रूप में होगा स्थापित उप्र…

    Basti news:करंट ने छीनी जिंदगी, चार माह के मासूम के सिर से उठा पिता का साया

    June 13, 2026

    Basti news:जनप्रतिनिधियों की अनदेखी करने वाले अधिकारियों पर होगी कार्रवाई : सूर्य प्रताप शाही

    June 13, 2026

    26 वर्षों से एक ही मंडल में तैनात प्रशासनिक अधिकारी प्रेमचन्द्र की जांच और स्थानांतरण की मांग

    June 13, 2026
    LATEST NEWS

    हर गांव होगा डिजिटल, बनेगी क्रिकेट टीम; युवाओं के दम पर बदलेगी बस्ती की तस्वीर : मनीष मिश्रा

    June 19, 2026

    Basti news:करंट ने छीनी जिंदगी, चार माह के मासूम के सिर से उठा पिता का साया

    June 13, 2026

    Basti news:जनप्रतिनिधियों की अनदेखी करने वाले अधिकारियों पर होगी कार्रवाई : सूर्य प्रताप शाही

    June 13, 2026
    LANGUAGE
    OUR VISITORS
    1637980
    Hits Today : 2494
    Who's Online : 11
    CONTACT US

    CHIEF EDITOR
    Ramesh Mishra

    ADDRESS
    Shiv Nagar, Turkahiya, Gandhi Nagar, Basti, Uttar Pradesh – 272001

    MOBILE NO.
    +91 7985035292

    EMAIL roamingexpressbst@gmail.com

    WEBSITE
     www.roamingexpress.com

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.